Valentine’s Day का नाम आते ही दिमाग में तीन चीज़ें आती हैं —
गुलाब, प्यार और चॉकलेट। 💘🍫
लेकिन हर साल एक सवाल जरूर उठता है:
अगर cocoa की कीमत घट रही है, तो Valentine’s Day पर चॉकलेट सस्ती क्यों नहीं होती?
सच्चाई थोड़ी रोमांटिक नहीं, बल्कि आर्थिक है।
💝 Valentine’s Day पर मांग आसमान छूती है
14 फरवरी चॉकलेट इंडस्ट्री के लिए साल का सबसे बड़ा सीज़न होता है।
- बिक्री कई गुना बढ़ जाती है
- स्पेशल गिफ्ट बॉक्स बनाए जाते हैं
- दिल के आकार वाली चॉकलेट तैयार होती है
- लिमिटेड एडिशन पैकेजिंग आती है
जब मांग बढ़ती है, तो कीमतें कम नहीं होतीं — चाहे cocoa थोड़ा सस्ता ही क्यों न हो।
🍫 चॉकलेट सिर्फ cocoa नहीं है
चॉकलेट बनाने में शामिल होते हैं:
- शक्कर
- दूध पाउडर
- कोको बटर
- फ्लेवर
- पैकेजिंग
अगर दूध, शक्कर या पैकेजिंग महंगी है, तो cocoa सस्ता होने का असर कम हो जाता है।
Valentine’s Day पर तो पैकेजिंग ही प्रीमियम हो जाती है —
दिल के बॉक्स, रिबन, स्पेशल डिजाइन…
इन सबकी लागत अलग से जुड़ती है।
📦 ब्रांडिंग और मार्केटिंग की कीमत
Valentine’s Day सिर्फ एक त्योहार नहीं, एक मार्केटिंग इवेंट है।
- टीवी और सोशल मीडिया ऐड
- सेलिब्रिटी प्रमोशन
- स्टोर डेकोरेशन
- गिफ्ट हैम्पर कैंपेन
इन सबका खर्च भी चॉकलेट की कीमत में शामिल होता है।
आप सिर्फ चॉकलेट नहीं खरीद रहे —
आप “इमोशन” खरीद रहे हैं।
🚛 सप्लाई चेन और टैक्स
cocoa ज्यादातर विदेशों से आता है।
ट्रांसपोर्ट, इंपोर्ट ड्यूटी, स्टोरेज — सब खर्च बढ़ाते हैं।
ऊपर से रिटेलर अपना मार्जिन जोड़ते हैं।
इसलिए cocoa सस्ता होने का असर सीधे MRP पर नहीं दिखता।
💰 कंपनियां तुरंत दाम क्यों नहीं घटातीं?
जब कच्चा माल महंगा होता है, तो दाम जल्दी बढ़ते हैं।
लेकिन जब सस्ता होता है:
- पुराना महंगा स्टॉक पहले बिकता है
- कंपनियां मुनाफा बचाती हैं
- सीज़नल मांग का फायदा उठाया जाता है
Valentine’s Day जैसे मौके पर ब्रांड्स कीमत कम करने की जल्दी में नहीं होते।
❤️ तो इस Valentine’s Day क्या करें?
- लोकल या आर्टिजन चॉकलेट ट्राई करें
- ऑफर और कॉम्बो डील देखें
- या फिर एक प्यारा सा हैंडरिटन नोट दें
क्योंकि प्यार की कीमत cocoa से नहीं तय होती।
निष्कर्ष
“Roses are red, violets are blue…”
cocoa सस्ता हो सकता है,
लेकिन Valentine’s Day पर चॉकलेट सस्ती हो — ये ज़रूरी नहीं।
बाज़ार गणित से चलता है,
प्यार दिल से। 💕